Wednesday, June 13, 2018

अना (Ego)

अना (ego) ने हाथ उठाने न दिया वरना,
मेरी दुआ से वो पत्थर पिघल भी सकता था।

अंजाम ए वफ़ा

अंजाम-ए-वफ़ा यह है, जिसने भी मुहब्बत की,
मरने की दुआ मांगी, जीने की सज़ा पायी।

दुआएँ

मेरी सारी दुआएं तुमसे ही मंसूब (related) हैं ऐ दोस्त,
मुहब्बत हो अगर सच्ची, दुआएं कब बदलती हैं।

तन्हाई

तन्हाई किसको कहते हैं, मुझको पता नहीं,
क्या जाने किस हसीन की दुआ, मेरे साथ है।

Sunday, June 10, 2018

कामयाबी

जिन्हें कामयाबी में सुकून नजर आया,
वो तो दौड़ते ही रह गए!
हमें सुकून में कामयाबी दिखी,
तो हम ठहर गए!!

जिन्दगी कहाँ गुजरे

अगर न जोहरा-जबीनों के दरमियाँ गुजरे,
तो फिर ये कैसे कटे जिंदगी, कहाँ गुजरे!

Sunday, June 3, 2018

कमाल

​​​नज़र-नज़र में उतरना कमाल होता है,
नफ़स-नफ़स में बिखरना कमाल होता है।
बुलंदियों पे पहुँचना कोई कमाल नहीं,
बुलंदियों पे ठहरना कमाल होता है।।

Friday, May 18, 2018

तनाव

जीवन जितना सादा रहेगा,
तनाव उतना आधा रहेगा।

लम्बी उम्र

महफ़िल में चल रही थी हमारे कत्ल की तैयारी,
हम पहुँचे तो बोलें, बहुत लम्बी उम्र है तुम्हारी।

हौसला

हैं सबके दुःख एक से मगर,
हौसले जुदा-जुदा।
कोई टूटकर बिखर गया,
कोई मुस्कुराकर चल दिया॥