Thursday, March 29, 2018

अजीब कहानी

मोहब्बत की भी देखों ना, 
कितनी अजीब कहानी है, 
जहर तों पिया मीरा ने, 
फिर भी राधा ही दिल की रानी हैं।

 

प्यार का हिसाब


मत कर हिसाब किसी के प्यार का, 
कहीं बाद में तू खुद ही कर्ज़दार न निकले।

मुझसे दगा न कर


ऐ जिंदगी मुझसे दगा ना कर,
मैं जिंदा रहूं ये दुआ न कर.
कोई छूता है तुझको तो होती है जलन,
ऐ हवा तू भी उसे छुआ न कर।

अक्सर

अक्सर ठहर कर देखता हूँ 
अपने पैरों के निशान को, 
वो भी अधूरे लगते हैं,
तेरे साथ के बिना।

मोहब्बत भी


हर साँस में उनकी याद होती है, 
इन आंखों को उनकी तलाश होती हैl
कितनी खूबसूरत है चीज ये मोहब्बत भी,
कि दिल की धड़कन में भी उनकी आवाज होती है।

समझता हूँ

मैं अल्फाज़ हूँ तेरी हर बात समझता हूँ​, 
मैं एहसास हूँ तेरे जज़्बात समझता हूँ.
कब पूछा मैंने ​कि ​क्यूँ दूर हो मुझसे​, 
मैं दिल रखता हूँ तेरे हालात समझता हूँ​।

क्या समझे?

सितम को हम करम समझे, 
जफा को हम वफा समझे, 
जो इस पर भी न समझे वह,
तो उस बुत को खुदा समझे।

समझता हूँ

मैं अल्फाज़ हूँ तेरी हर बात समझता हूँ​, 
मैं एहसास हूँ तेरे जज़्बात समझता हूँ.
कब पूछा मैंने ​कि ​क्यूँ दूर हो मुझसे​, 
मैं दिल रखता हूँ तेरे हालात समझता हूँ​।

फरेब नहीं

खवाहिश नही मुझे मशहुर होने की,
आप मुझे जानते हो बस इतना ही काफी है।

अच्छे ने अच्छा और बुरे ने बुरा जाना मुझे।
जिसकी जितनी जरुरत थी उसने उतना पहचाना मुझे।

ऐसा नहीं है कि मुझमें कोई ऐब नहीं है
पर सच कहता हूँ मुझमे कोई फरेब नहीं है!!

अजीब कहानी

मोहब्बत की भी देखों ना, 
कितनी अजीब कहानी है, 
जहर तों पिया मीरा ने, 
फिर भी राधा ही दिल की रानी हैं।